यूपी राज्यसभा चुनाव 2026: बीजेपी ने भेजा 25 नामों का पैनल, कुमार विश्वास-स्मृति ईरानी-संजीव बालियान समेत इन चेहरों की चर्चा

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में आगामी राज्यसभा चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) के अंदर उम्मीदवारों के नाम पर मंथन तेज हो गया है। पार्टी की प्रदेश इकाई ने राज्यसभा की 8 सीटों के लिए संभावित उम्मीदवारों के नामों का पैनल केंद्रीय नेतृत्व को भेजा है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस पैनल में कुमार विश्वास, स्मृति ईरानी, संजीव बालियान, हरिश द्विवेदी, बीएल वर्मा, सत्यपाल सिंह और कई अन्य नेताओं के नाम शामिल हैं। हालांकि, अंतिम उम्मीदवारों के नाम पर फैसला भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व करेगा।

उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों पर 16 अक्टूबर 2026 को चुनाव प्रस्तावित है। इन सीटों पर मौजूदा सांसदों का कार्यकाल 25 नवंबर 2026 को पूरा हो रहा है। मौजूदा विधानसभा संख्या के आधार पर भाजपा-एनडीए कई सीटों पर मजबूत स्थिति में है, जबकि अतिरिक्त सीट के लिए चुनावी गणित महत्वपूर्ण हो सकता है।

बीजेपी ने भेजे 25 नाम, 8 उम्मीदवार होंगे तय

रिपोर्टों के अनुसार, यूपी बीजेपी ने प्रत्येक सीट के लिए संभावित नामों का पैनल तैयार किया है। इसमें करीब 25 नेताओं के नाम बताए जा रहे हैं। केंद्रीय नेतृत्व इन नामों में से अंतिम उम्मीदवारों का चयन करेगा।

संभावित नामों में शामिल हैं:

  • कुमार विश्वास
  • स्मृति ईरानी
  • हरिश द्विवेदी
  • बीएल वर्मा
  • गीता शाक्य
  • रेखा वर्मा
  • प्रियंका रावत
  • कौशल किशोर
  • संजीव बालियान
  • सत्यपाल सिंह
  • हरदीप सिंह पुरी
  • बृजलाल
  • रामशंकर कठेरिया
  • सुरेश राणा
  • सुब्रत पाठक
  • राजवीर सिंह राजू भैया
  • दुर्विजय शाक्य
  • त्र्यंबक त्रिपाठी
  • प्रकाश पाल
  • राजेंद्र अग्रवाल
  • अनिल अग्रवाल
  • ममतेश शाक्य
  • रमापति राम त्रिपाठी
  • कामेश्वर सिंह
  • दिलीप पटेल

यह सूची संभावित नामों के पैनल की मीडिया रिपोर्टों पर आधारित है। इसे भाजपा की आधिकारिक उम्मीदवार सूची नहीं माना जाना चाहिए।

स्मृति ईरानी का नाम फिर चर्चा में

पूर्व केंद्रीय मंत्री और भाजपा की राष्ट्रीय महासचिव स्मृति ईरानी का नाम उत्तर प्रदेश से राज्यसभा उम्मीदवार के तौर पर प्रमुखता से सामने आया है। हालिया रिपोर्टों के अनुसार पार्टी संगठन में उनकी भूमिका बढ़ने के बाद उन्हें उत्तर प्रदेश से उच्च सदन भेजे जाने की चर्चा है।

स्मृति ईरानी इससे पहले अमेठी से लोकसभा सांसद रह चुकी हैं और केंद्र सरकार में मंत्री की जिम्मेदारी भी संभाल चुकी हैं। राज्यसभा चुनाव में उनका नाम आने से पार्टी के संगठनात्मक और संसदीय समीकरणों पर भी चर्चा तेज हुई है।

कुमार विश्वास का नाम भी पैनल में

इस बार सबसे ज्यादा चर्चा वाले नामों में कुमार विश्वास भी शामिल हैं। रिपोर्टों के मुताबिक उनका नाम यूपी बीजेपी द्वारा केंद्रीय नेतृत्व को भेजे गए संभावित उम्मीदवारों के पैनल में शामिल है।

हालांकि, कुमार विश्वास को राज्यसभा का टिकट मिलेगा या नहीं, इस पर अभी अंतिम निर्णय नहीं हुआ है। इसलिए फिलहाल उनके नाम को संभावित दावेदार के तौर पर ही देखा जा रहा है।

संजीव बालियान के नाम की भी चर्चा

पश्चिमी उत्तर प्रदेश से पूर्व केंद्रीय मंत्री संजीव बालियान का नाम भी संभावित उम्मीदवारों में शामिल बताया गया है। इसके अलावा पूर्व सांसद सत्यपाल सिंह का नाम भी चर्चा में है।

राज्यसभा चुनाव में पश्चिमी उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व भी भाजपा के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इसी वजह से जाट समुदाय से जुड़े नेताओं के नाम संभावित सूची में दिखाई दे रहे हैं।

हरिश द्विवेदी और बीएल वर्मा भी दावेदार

भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री हरिश द्विवेदी का नाम भी संभावित उम्मीदवारों में शामिल है। पार्टी संगठन में उनकी भूमिका बढ़ने के बीच उनके राज्यसभा जाने की चर्चा सामने आई है।

वहीं केंद्रीय मंत्री बीएल वर्मा का कार्यकाल भी समाप्त होने वाला है। उनके दोबारा राज्यसभा भेजे जाने की संभावना पर भी चर्चा हो रही है। हालांकि अंतिम फैसला केंद्रीय नेतृत्व करेगा।

किन सामाजिक और क्षेत्रीय समीकरणों पर नजर?

भाजपा की संभावित सूची में अलग-अलग क्षेत्रों और सामाजिक समूहों से जुड़े नेताओं के नाम दिखाई दे रहे हैं। मीडिया रिपोर्टों में पार्टी की संभावित रणनीति में ब्राह्मण, ओबीसी, जाट, दलित, महिला और क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व जैसे पहलुओं पर ध्यान दिए जाने की बात कही गई है।

पश्चिमी उत्तर प्रदेश से जाट नेताओं, पूर्वांचल से ब्राह्मण और अन्य सामाजिक समूहों से जुड़े चेहरों के नामों की चर्चा इसी संदर्भ में की जा रही है।

यूपी में राज्यसभा चुनाव का गणित क्या है?

उत्तर प्रदेश विधानसभा में कुल 403 सीटें हैं। मौजूदा स्थिति में 396 विधायक हैं। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, एक राज्यसभा सीट जीतने के लिए प्रथम वरीयता के 37 वोट की आवश्यकता होगी। यही वजह है कि 10 सीटों के चुनाव में विधानसभा का मौजूदा संख्या बल महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

भाजपा के सामने अपनी मौजूदा राज्यसभा सीटों को बनाए रखने के साथ-साथ अतिरिक्त सीट हासिल करने का भी राजनीतिक गणित है। वहीं समाजवादी पार्टी भी अपने उम्मीदवार उतारने की तैयारी में है। रिपोर्टों में सपा की ओर से तीन उम्मीदवार उतारे जाने की संभावना जताई गई है, हालांकि अंतिम तस्वीर नामांकन के बाद स्पष्ट होगी।

16 अक्टूबर को होगा मुकाबला

उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों के लिए 16 अक्टूबर 2026 को चुनाव होना है। मौजूदा सांसदों का कार्यकाल 25 नवंबर को समाप्त होगा। चुनाव कार्यक्रम के अनुसार नामांकन और नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद उम्मीदवारों की अंतिम तस्वीर साफ होगी।

फिलहाल भाजपा के संभावित उम्मीदवारों के नामों को लेकर चर्चा जारी है। प्रदेश भाजपा द्वारा भेजे गए पैनल में कई पुराने नेताओं के साथ नए चेहरों को भी जगह मिली है। अंतिम सूची में कौन-कौन शामिल होता है, इसका फैसला केंद्रीय नेतृत्व की मंजूरी के बाद ही होगा।

क्या बदल सकता है राज्यसभा का समीकरण?

यूपी से राज्यसभा जाने वाले नए चेहरों का चयन केवल व्यक्तिगत राजनीतिक प्रोफाइल तक सीमित नहीं रहेगा। उम्मीदवारों के चयन में क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व, सामाजिक समीकरण, संगठन में भूमिका और आगामी राजनीतिक गतिविधियों को ध्यान में रखे जाने की चर्चा है।

फिलहाल कुमार विश्वास, स्मृति ईरानी, हरिश द्विवेदी, संजीव बालियान और बीएल वर्मा जैसे नाम चर्चा के केंद्र में हैं, लेकिन इन्हें अंतिम उम्मीदवार मानना अभी जल्दबाजी होगी। भाजपा की आधिकारिक घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगा कि पैनल में शामिल किन नेताओं को राज्यसभा चुनाव के लिए टिकट मिलता है।